फतेहपुर तिराहे पर करवाई निजी जमीन की बाउंड्री, जिसके अंदर कर लिए बिजली के पोल

फतेहपुर तिराहे पर करवाई निजी जमीन की बाउंड्री, जिसके अंदर कर लिए बिजली के पोल
टू साइड ओपन प्लॉट में दोनों तरफ के बिजली पोल को अंदर करके हजारों फीट जमीन कब्जे में
बोले भूमि मालिक: हो सकता है बिजली के खंभे गलत लगा दिए हों, हमारा उद्देश्य कब्जे का नहीं
शिवपुरी। इस वर्ष शिवपुरी शहर में तीन जगह मेले लगे थे। इनमें तीसरा मेला फतेहपुर तिराहे वाला इसलिए चर्चा में आया, क्योंकि जलपरियों ने कोतवाली में शिकायत की थी। जिस जगह वो मेला लगाया गया था, उसी जगह पर अब बाउंड्री करवा दी गई है, लेकिन इसमें अनोखी बात यह है कि बाउंड्री के अंदर बिजली के खंभों को भी ले लिया गया। लम्बे-चौड़े टू साइड ओपन इस प्लॉट के दोनों तरफ के बिजली के खंभों को अंदर करके हजारों फीट सरकारी जमीन पर कथित कब्जा कर लिया गया। उधर भूमि मालिक का कहना है कि हो सकता है कि बिजली के खंभे ही गलत लगे हों, हमारा उद्देश्य कब्जा करने का नहीं है।
मध्यप्रदेश का शिवपुरी इकलौता ऐसा जिला है, जहां तालाबों में प्लॉट काट कर बेच दिए गए, जिसके चलते 18 में से 13 तालाब गायब ही हो गए। अब लोगों की नजर अन्य शासकीय जमीनों पर लगी हुई है। यही वजह है कि फतेहपुर तिराहे पर स्थित प्लॉट की बाउंड्री करवाने वाले भूमि मालिक ने अपनी जमीन सुरक्षित करने के नाम पर जो बाउंड्री करवाई है, उसे न केवल सड़क के किनारे तक ले गए, बल्कि बरसों पुराने लगे बिजली के खंभों को भी अपनी बाउंड्री के अंदर कर लिया। ऐसा उन्होंने एक साइड में नहीं बल्कि दोनों साइडों में किया है। एक साइड में यदि 5 फीट भी आगे से बाउंड्री की गई, तो 2 हजार फीट की एक साइड में ही 10 हजार फीट तथा दोनों साइड में 20 हजार फीट शासकीय जमीन पर अवैध कब्जा हो गया। महत्वपूर्ण बात यह है कि उक्त भूमि के मालिक शिवपुरी विधायक के रिश्तेदार हैं।
भूमि मालिक नेमीचंद जैन से सीधी बात:
सवाल: फतेहपुर तिराहे पर मेला वाली जमीन क्या आपकी है?
जवाब: हां, हमारे परिवार की ही है, बताएं क्या हो गया उसमें?
सवाल: उसकी अभी जो बाउंड्री की गई, उसके अंदर दोनों साइड के बिजली पोल ले लिए?
जवाब: हो सकता है कि बिजली के पोल गलत लगा दिए गए हों। वैसे भी हमने पक्की बाउंड्री नहीं की, बल्कि टेम्परेरी की है, ताकि लोग उसमें कचरा न फेंके। सीमांकन करवा लेंगे, यदि पोल बाहर होंगे तो हम बाउंड्री पीछे करवा लेंगे।
भूमिमलिक का सवाल: इसमें क्या किसी को कोई आपत्ति हुई है?
हमारा जवाब: साहब इस जिला मुख्यालय पर तालाबों में कॉलोनियां काट दी गईं, तब किसी को कोई आपत्ति नहीं हुई, तो फिर यहां तो बिजली के खंभे ही बाउंड्री के अंदर किए हैं।




















