10 दिन में हुई 4 बच्चों की मौत के बाद जागा प्रशासन, ढूंढ रहा मौत का कारण, लिए सैंपल

10 दिन में हुई 4 बच्चों की मौत के बाद जागा प्रशासन, ढूंढ रहा मौत का कारण, लिए सैंपल
गोरा टीला के झरने में नहाने पर लगाई प्रशासन ने रोक, पीड़ित परिवारों को दी सहायता राशि
शिवपुरी। जिला मुख्यालय पर पिछले 10 दिनों 4 बच्चों की मौत के बाद स्वास्थ्य महकमा एवं जिला प्रशासन की तंद्रा टूटी। मंगलवार को SD News ने जब इस खबर को प्रमुखता से दिखाया, तब स्वास्थ्य महकमे ने पीड़ित परिवार के सदस्यों के ब्लड सेम्पल लेने के अलावा झरने के पानी को भी जांच के लिए भेजा। प्रशासन ने पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता राशि पीड़ित परिवार को देने के साथ ही आमजन से गोरा टीला के झरने में न नहाने की अपील की है।
गौरतलब है कि बीते 21 से 31 अगस्त तक के बीच सईसपुरा कमलागंज एवं हम्माल मोहल्ले के आयन, ताहिर, चिंटू एवं पप्पू की जान चली गई थी। बीते 1 सितंबर को जब यह मामला उजागर हुआ, तो आनन फानन में जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया। कलेक्टर अर्पित वर्मा ने सीएमएचओ को निर्देश दिए और मंगलवार को ही पिकनिक मनाने गए सभी परिजनों के जांच के लिए सैंपल लिए गए। सीएमएचओ द्वारा चिकित्सकों की 2 टीम बनाकर 50 ब्लड सैंपल लिए गए हैं। तौकीर अहमद की 17 वर्षीय पुत्री ताशीन की जांच में समस्या पाए जाने पर अल्ट्रासाउंड कराकर इलाज कराया जा रहा है। चिकित्सकों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। इसके अलावा पानी की जांच के लिए भी सैंपल लिए गए है।
ज्ञात रहे कि शिवपुरी शहर के वार्ड 9 हम्माल मोहल्ला निवासी रजा मोहम्मद एवं फिजिकल थाना के सामने निवासरत तनवीर के परिवार के 15 सदस्य गोराटीला झरने में पिकनिक मनाने गए थे। जहां उन्होंने स्नान किया और खाना खाया, जिसके बाद स्वास्थ्य बिगड़ने पर बच्चों की दुखद मृत्यु हो गई।
एसडीम ने मौके पर किया निरीक्षण
कलेक्टर अर्पित वर्मा के निर्देश पर कोलारस एसडीएम शिवदयाल धाकड़ ने प्रशासनिक अमले, पटवारी, सरपंच और ग्रामवासियों के साथ सिद्ध बाबा बरसाती नाले से निकलने वाले झरने व गोरा टीला क्षेत्र का सघन निरीक्षण किया। स्वास्थ्य विभाग को गांव में सर्वे करने, ग्रामीणों की स्वास्थ्य निगरानी रखने और लक्षण दिखने पर तुरंत इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
जिला प्रशासन की जनहित में अपील
जिला प्रशासन ने जांच रिपोर्ट आने तक ग्रामीणों से इस झरने के पानी में नहाने, पीने या इसे किसी भी घरेलू उपयोग में न लाने की अपील की है।
पीड़ित परिवारों को राहत राशि और संबल
जिला प्रशासन द्वारा पीड़ित परिजन को आर्थिक राहत पहुंचाई गई है। कलेक्टर के निर्देश पर अपर कलेक्टर दिनेश चंद्र शुक्ला ने परिवार से मिलकर शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं और रेडक्रॉस से पीड़ित परिवारों को 1.5 लाख की राहत राशि का चैक सौंपा।




















